डेंगू रोकथाम को लेकर प्रशासन अलर्ट, डीएम ने डेंगू की रोकथाम के लिए जारी की सुरक्षा एडवाइजरी

सार्वजनिक स्थानों पर पानी एकत्रित न होने दें : जिलाधिकारी सविन बंसल

देहरादून (बिलाल अंसारी) :
उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में डेंगू की रोकथाम के लिए जिला प्रशासन अलर्ट मोड पर है। जिलाधिकारी सविन बंसल स्वयं इसकी मॉनिटरिंग कर रहे हैं। उन्होंने डेंगू की रोकथाम के लिए जागरूकता और सुरक्षा एडवाइजरी जारी की है। डीएम ने कहा है कि पानी में ही डेंगू के मच्छर पनपते हैं। इसलिए सार्वजनिक स्थानों पर पानी एकत्रित न होने दें। उन्होंने यह भी कहा कि आशा घर-घर जाकर लोगों को डेंगू के प्रति जागरूक कर रही हैं। साथ ही लार्वा की जांच कर रही हैं। उन्होंने डेंगू की रोकथाम के लिए शहरी विकास, नगर निगम, ग्रामीण विकास, आपदा प्रबंधन, शिक्षा, पंचायती राज, सिंचाई, परिवहन, कृषि, जलापूर्ति, महिला एवं बाल विकास, पर्यटन, वन एवं मौसम विभाग समेत अन्य विभागों को आपसी समन्वय बनाकर काम करने के निर्देश दिए हैं।

डेंगू मच्छर के काटने से बचने के लिए पूरी आस्तीन के कपड़े पहनें, मच्छरदानी का उपयोग करें और मच्छर भगाने वाली क्रीम या स्प्रे का उपयोग करें। अपने घर के आसपास के क्षेत्र में मच्छरों की रोकथाम किया जा सकता है। अपने आसपास पानी जमा न होने दें। कूड़ा-कचरा साफ करें और मच्छर मारने वाली दवाओं का छिड़काव करें। घर और आसपास के क्षेत्र को साफ रखें, कूड़ा-कचरा नियमित रूप से निकालें और पानी जमा न होने दें। अपनी प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत करने के लिए स्वस्थ भोजन करें, नियमित व्यायाम करें और पर्याप्त नींद लें। डेंगू का कोई विशिष्ट इलाज नहीं है, लेकिन डॉक्टर लक्षणों को नियंत्रित करने के लिए दवाएं दे सकते हैं और तरल पदार्थों की कमी को पूरा करने के लिए आईवी फ्लूइड्स दे सकते हैं।
डेंगू से बचाव ही उसका सबसे प्रभावी इलाज है। मच्छरों से बचाव, मच्छरों की रोकथाम, स्वच्छता और प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत करने से डेंगू के खतरे को कम किया जा सकता है। यदि आपको डेंगू के लक्षण दिखाई देते हैं, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें और उनकी सलाह का पालन करें।